जो सुन्या तेरे दहन सूँ यक बचन
भेद पाया नुस्ख़ा-ए-असरार का
“Whoever heard a single word from your lips, unlocked the secret of the book of mysteries.”
— वली दकनी
अर्थ
जिसने भी तुम्हारे मुँह से एक भी बात सुनी, उसने रहस्यों की किताब का भेद पा लिया।
विस्तार
शायर यहाँ महबूब की बोली को किसी रूहानी इल्हाम की तरह पेश कर रहा है। वह कहता है कि जिसने भी तुम्हारे लबों से बस एक मीठा बोल सुन लिया, उसने गोया पूरी कायनात के छुपे हुए राज़ और फलसफ़े समझ लिए। इश्क़ का यह ऐसा मक़ाम है जहाँ महबूब की एक आम सी बात भी दिल के लिए किसी मुक़द्दस किताब का गहरा भेद खोल देती है।
Interpretation note: meanings and explanations may be AI-assisted and should not replace a primary text or scholarly edition. See the editorial policy.
ऑडियो
पाठUnavailable
हिंदी अर्थUnavailable
अंग्रेज़ी अर्थUnavailable
हिंदी विस्तारUnavailable
अंग्रेज़ी विस्तारUnavailable
Comments · 0
Free — just your email. You'll come right back here.
No comments yet. Be the first.
