ख़राबी 'इश्क़ से रहती है दिल पर और नहीं रहता
निहायत 'ऐब है ये इस दयार-ए-ग़म के वाली में
“The heart remains afflicted by the madness of love, and nothing else remains, What a terrible flaw this is, in this abode of sorrow.”
— मीर तक़ी मीर
अर्थ
शायर कहता है कि दिल पर इश्क़ की खराबी ही बनी रहती है और कुछ और नहीं; यह निहायत ही बड़ी कमी है इस गम के घर में रहने वाली में।
विस्तार
यह शेर बताता है कि इश्क़ का ज़ख़्म कितना गहरा और स्थायी होता है। शायर कहते हैं कि दिल पर जो ख़राबी है, वो सिर्फ़ मोहब्बत ने की है, और कोई और वजह नहीं है। और इस ग़म के माहौल में, इस इश्क़ की निशानी को ही शायर एक 'निहायत ऐब' बता रहे हैं। यह दर्द सिर्फ़ दर्द नहीं, बल्कि एक पहचान बन चुका है।
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