हुस्न-ए-क़दीम की इक पोशीदा ये झलक थी — अल्लामा इक़बाल

हुस्न-ए-क़दीम की इक पोशीदा ये झलक थी ले आई जिस को क़ुदरत ख़ल्वत से अंजुमन में

“A hidden glimpse of ancient beauty, it was, That brought him to the gathering from solitude.”

— अल्लामा इक़बाल

अर्थ

हुस्न-ए-क़दीम की एक छिपी हुई झलक थी, जिसने उसे प्रकृति की एकांतता से महफ़िल में ला दिया।

विस्तार

यह शेर उस शाश्वत और छिपी हुई सुंदरता के जादू को बयान करता है। शायर कहते हैं कि उस पुरानी, अनदेखी सुंदरता की एक झलक इतनी मोहक थी... कि उसने किसी को उसके एकांत से निकालकर, महफ़िल में ला दिया। यह किसी भी रूप की उस अद्भुत शक्ति का वर्णन है, जो हमें हमारे निजी दायरे से बाहर खींचकर, सबके सामने ला देती है। क्या खूब कहा है!

Interpretation note: meanings and explanations may be AI-assisted and should not replace a primary text or scholarly edition. See the editorial policy.

ऑडियो

पाठ
हिंदी अर्थ
अंग्रेज़ी अर्थ
हिंदी विस्तार
अंग्रेज़ी विस्तार
Comments · 0

Free — just your email. You'll come right back here.

No comments yet. Be the first.