मुन्फ़इल हैं लाला ओ शम्अ' ओ चराग़
हम ने भी क्या आशिक़ी में खाए दाग़
“O Lala, O candle, O lamp, you are the beneficiaries (of love's grace); We too have suffered stains in the intoxication of love.”
— میر تقی میر
معنی
اے لالا، اے شمع اور اے چراغ، تم تو عشق کی نعمت کے مستحق ہو؛ ہم نے بھی عشق کے نشے میں داغ کھائے ہیں۔
تشریح
यह शेर महबूब की नाज़ुकता और अपने दर्द की गहराई का इल्ज़ाम है। शायर महबूब के दर्द को देखते हुए सवाल करते हैं कि क्या उनके प्रेम में उनका दर्द कम है। यह अपने अहसास को साबित करने का एक ज़बरदस्त तरीका है।
