ब-ख़ुद किस को उस ताब-ए-रुख़ ने रखा — मीर तक़ी मीर

ब-ख़ुद किस को उस ताब-ए-रुख़ ने रखा करे कौन शम्स-ओ-क़मर की तरफ़

“By whose whim has this countenance been placed, Who dares turn towards the sun and moon?”

— मीर तक़ी मीर

अर्थ

किसके मन की मर्जी से यह मुखड़ा सजा है, कौन हिम्मत करेगा सूरज और चाँद की ओर देखने की।

विस्तार

इस शेर में शायर महबूब की उस बेमिसाल और जादुई खूबसूरती का ज़िक्र कर रहे हैं। वो पूछते हैं कि किसी ने अपने चेहरे पर इतनी चमक, इतना जादू कैसे रखा? मतलब यह है कि यह खूबसूरती इतनी कमाल की है कि सामने सूरज और चाँद भी फीके पड़ जाते हैं। यह एक तरह का इकरार है कि महबूब का नज़ारा सबसे बेहतरीन है।

Interpretation note: meanings and explanations may be AI-assisted and should not replace a primary text or scholarly edition. See the editorial policy.

ऑडियो

पाठ
हिंदी अर्थ
अंग्रेज़ी अर्थ
हिंदी विस्तार
अंग्रेज़ी विस्तार
Comments · 0

Free — just your email. You'll come right back here.

No comments yet. Be the first.