चिमटे रहेंगे दश्त-ए-मोहब्बत में सर-ओ-तेग़
महशर तईं ख़ाली न ये मैदान रहेगा
“In the wilderness of love, the pincers will remain ready to strike, This ground of judgment will not remain empty.”
— मीर तक़ी मीर
अर्थ
चिमटे रहेंगे मोहब्बत के रेगिस्तान में हमला करने के लिए तैयार, यह न्याय का मैदान खाली नहीं रहेगा।
विस्तार
यह शेर बताता है कि मोहब्बत का असर सिर्फ़ इस ज़िंदगी तक सीमित नहीं होता। शायर कहते हैं कि इश्क़ की ये आग, ये चिंगारियाँ... ये दश्त-ए-मोहब्बत में हमेशा जलती रहेंगी। यह ज़मीन, ये दिल का मैदान... आख़िरत के दिन भी खाली नहीं रहेगा। क्या खूब बात है! प्यार का असर कितना गहरा होता है।
Comments
Read-only on web. Join the conversation in the Sukhan AI mobile app.
No comments yet.
