राज़-पोशी-ए-मोहब्बत के तईं चाहिए ज़ब्त — मीर तक़ी मीर
“The secret of love requires restraint, yet if I sleep without the restlessness of the heart, I find no peace.”
अर्थ
प्रेम का रहस्य संयम मांगता है, लेकिन यदि मैं दिल की बेचैनी के बिना सोता हूँ, तो मुझे शांति नहीं मिलती।
विस्तार
यह शेर उस गहरे और उलझे हुए एहसास को बयां करता है जो मोहब्बत में होता है। शायर कहते हैं कि प्यार को छिपाकर रखना, यानी उसमें अनुशासन रखना... यह ज़रूरी है। लेकिन, दिल की ये बेचैनी, ये बे-ताबी... ये एक ऐसी आग है जो बुझती नहीं। शायर बता रहे हैं कि अगर ये दिल की बेचैनी न हो, तो जीना मुश्किल है, कोई सुकून नहीं मिलता। यह मोहब्बत की उस आग का इज़हार है जो अंदर ही अंदर जलती रहती है।
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