Sukhan AI
सवाल-ए-मय न करूँ साक़ी-ए-फ़रंग से मैं
कि ये तरीक़ा-ए-रिंदान-ए-पाक-बाज़ नहीं

I will not ask the cupbearer of the foreign lands for the wine, For this path of the pure mystic is not for the careless.

अल्लामा इक़बाल
अर्थ

मैं विदेशी साक़ी से मदिरा का सवाल नहीं करूँगा, क्योंकि यह शुद्ध रहस्यवादी (रिंद) का रास्ता लापरवाह लोगों के लिए नहीं है।

विस्तार

यह शेर शायर के आध्यात्मिक सफ़र की गहराई को बयां करता है। वो कह रहे हैं कि वो उन लोगों से शराब के सवाल नहीं पूछेंगे जो दुनियावी या बाहरी बातों से प्रभावित हैं। क्यों? क्योंकि जिस रास्ते पर वो चल रहे हैं—वो रास्ता शुद्ध और आत्मिक है। यह एक तरह का घोषणा है कि उनका मार्ग इतना पवित्र है कि वहाँ किसी भी तरह का सतही सवाल शोभा नहीं देता।

ऑडियो

पाठ
हिंदी अर्थIn app
अंग्रेज़ी अर्थIn app
हिंदी विस्तारIn app
अंग्रेज़ी विस्तारIn app
Comments

Read-only on web. Join the conversation in the Sukhan AI mobile app.

0

No comments yet.