Sukhan AI
गर नहीं निकहत-ए-गुल को तिरे कूचे की हवस क्यूँ है गर्द-ए-रह-ए-जौलान-ए-सबा हो जाना

If the rose's fragrance holds no desire for your street,Why does it then become dust on the path where the breeze meets?

मिर्ज़ा ग़ालिब
अर्थ

अगर गुलाब की खुशबू को तुम्हारी गली की कोई चाहत नहीं है, तो वह सुबह की हवा के रास्ते की धूल क्यों बन जाती है?

विस्तार

यह सुंदर शेर गहरी भावनाओं और दर्शन की खोज करता है। ग़ालिब ने बेहतरीन तरीके से प्रेम, लालसा और आध्यात्मिक खोज के विषयों को जोड़ा है, जो शताब्दियों से प्रेरणा देता है।

ऑडियो

पाठ
हिंदी अर्थ
अंग्रेज़ी अर्थ
हिंदी विस्तार
अंग्रेज़ी विस्तार
Comments

Read-only on web. Join the conversation in the Sukhan AI mobile app.

0

No comments yet.