Be gracious enough to remove from thy face the sheet of Yemen (O Prophet !),
And grant us a glimpse of thy endearing face.
Repeat once again those sweet words,
Which thou hadst uttered in the valley of
Hamra
.
“Hamra”
— बुल्ले शाह
अर्थ
ऐ नबी! कृपा करके अपने चेहरे से यमन का आवरण हटा दो, और हमें तुम्हारे प्यारे मुख का एक दर्शन करा दो। वे मधुर शब्द एक बार फिर दोहरा दो, जो तुमने हमरा की घाटी में कहे थे।
विस्तार
यह हृदयस्पर्शी अशआर है, जो बुल्ले शाह ने अपनी गहरी आत्मिक तड़प से लिखा है। इसमें शायर नबी (सल्लल्लाहु अलैहि वसल्लम) से विनती करते हैं कि वे यमन का पर्दा हटा दें और उनका प्यारा चेहरा एक झलक दिखा दें। यह सिर्फ़ नज़रों का मिलना नहीं, बल्कि उस पवित्र संदेश को फिर से सुनना है जो आपने हमरा की वादी में दिया था। यह मानव मन की उस अटूट पुकार को दर्शाता है जो रूह को नूर से जोड़े।
