Bulle Shah piyare bajhon
Rahe uraar na paar
Rabba hun ki kariye
“Bulle Shah, my beloved, the flute's song How can I cross this river of existence? Oh God, what should I do?”
— बुल्ले शाह
अर्थ
बुल्ले शाह प्यारे बाजहों, रहे उरार ना पार। रब्बा हूँ कि करिये।
विस्तार
यह शेर एक गहन आध्यात्मिक तड़प को बयां करता है। बुल्ले शाह अपने प्रिय को संबोधित करते हुए कहते हैं कि उनका सफर अभी तक मंज़िल तक नहीं पहुंचा है। वे अपनी आत्मा की इस ठहराव की स्थिति में फँसे हुए हैं और पूरी तरह से रब की मेहरबानी पर निर्भर हैं। यह एक दिल से निकली गुहार है, जो हमें सिखाती है कि जीवन में सच्ची प्रगति तभी होती है जब हम अपने प्रयास छोड़कर रब के इरादे पर भरोसा करते हैं।
Comments
Read-only on web. Join the conversation in the Sukhan AI mobile app.
No comments yet.
← Prev4 / 4
