देखा जो मैं ने यार तो वो 'मीर' ही नहीं
तेरे ग़म-ए-फ़िराक़ में रंजूर हो गया
“The beloved I saw was not the one I knew, O Meer; / In the sorrow of separation, the wine has become a poison.”
— میر تقی میر
معنی
جو میں نے یار کو دیکھا وہ 'میر' نہیں تھا؛ / تیرے غمِ فراق میں رنجور ہو گیا
تشریح
यह शेर महबूब की बेगानाहट और तन्हाई के ग़म को बयान करता है। शायर कहते हैं कि जिसे मैंने अपना समझा था, वो असल में कोई और ही शख़्स बन चुका है, जो फ़िराक़ के ग़म में एक अजनबी सा नज़र आता है।
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