Sukhan AI
बद-नाम-ओ-ख़ार-ओ-ज़ार-ओ-नज़ार-ओ-शिकस्ता-हाल
अहवाल कुछ न पूछिए उस रू-सियाह का

Do not ask about the condition of that face, stained with disgrace, sorrow, and tears, and scarred with brokenness.

मीर तक़ी मीर
अर्थ

बदनाम, खार, ज़ार, नज़ार और शिकस्ता हाल से भरी उस सूरत का हाल कुछ मत पूछिए।

विस्तार

यह शेर मिर्ज़ा ग़ालिब नहीं, बल्कि मिर्ज़ा तक़ी मीर का है, और यह एक महबूब के चेहरे की बेबसी को बयां करता है। शायर कहते हैं कि उस चेहरे की हालत के बारे में मत पूछो, जो बदनामी, काँटों, आँसुओं, और टूटे हुए अहवालों का मिश्रण है। यह सिर्फ़ रूप की बात नहीं है; यह टूटे हुए दिल और वक़्त के ज़ख्मों का बोझ है, जिसे बयान करना नामुमकिन है।

ऑडियो

पाठ
हिंदी अर्थIn app
अंग्रेज़ी अर्थIn app
हिंदी विस्तारIn app
अंग्रेज़ी विस्तारIn app
Comments

Read-only on web. Join the conversation in the Sukhan AI mobile app.

0

No comments yet.