हर रंग-ए-गर्दिश आइना ईजाद-ए-दर्द है
अश्क-ए-सहाब जुज़ ब-विदा-ए-ख़िज़ाँ नहीं
“Each hue of fortune's turn, a mirror pain invents; The cloud's tears are but autumn's final farewell laments.”
— मिर्ज़ा ग़ालिब
अर्थ
भाग्य के हर बदलते रंग या हर मोड़ में दर्पण दर्द का आविष्कार करता है। बादल के आँसू पतझड़ की विदाई के अलावा और कुछ नहीं हैं।
विस्तार
यह सुंदर शेर गहरी भावनाओं और दर्शन की खोज करता है। ग़ालिब ने बेहतरीन तरीके से प्रेम, लालसा और आध्यात्मिक खोज के विषयों को जोड़ा है, जो शताब्दियों से प्रेरणा देता है।
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