જે પગલાં અગ્નિમાં જળે તેને શર્ણે કાળ કે મ ટળે ;

“Those steps that in the fire burn,How can even Fate their claim adjourn?”

— अखा भगत
अर्थ

जो कदम अग्नि में जलते हैं, अर्थात कठिन परिस्थितियों से होकर गुजरते हैं, उन्हें स्वयं काल या भाग्य भी टाल नहीं सकता। ऐसे नियत कर्मों का फल अवश्य मिलता है।

विस्तार

यह दोहा जीवन की सबसे कठिन चुनौतियों का सामना करने के गहरे प्रभाव के बारे में बताता है। यह सुझाव देता है कि जब कोई इतने साहसी कदम उठाता है या ऐसे महान बलिदान देता है कि वे लाक्षणिक रूप से आग से होकर गुजरते हैं, तो उनका भाग्य अटल हो जाता है। जिन लोगों के मार्ग ऐसे तीव्र संघर्षों में बनते हैं, उनके प्रभाव या अंतिम परिणाम से स्वयं समय या भाग्य भी बच नहीं सकता। यह इस बात का एक शक्तिशाली कथन है कि अपार बहादुरी और अटूट संकल्प कैसे एक अमिट छाप छोड़ते हैं, यह सुनिश्चित करते हुए कि उनकी विरासत या उनके कार्यों के परिणाम अवश्यंभावी हैं और उन्हें टाला नहीं जा सकता।

Interpretation note: meanings and explanations may be AI-assisted and should not replace a primary text or scholarly edition. See the editorial policy.

ऑडियो

पाठ
हिंदी अर्थ
अंग्रेज़ी अर्थ
हिंदी विस्तार
अंग्रेज़ी विस्तार
Comments · 0

Free — just your email. You'll come right back here.

No comments yet. Be the first.