शब्दार्थ
सर्फ़
sarf
hinoun
अर्थ
ख़र्च, व्यय, इस्तेमाल या किसी काम में लगाना।
विस्तार
उर्दू शायरी में 'सर्फ़' का अर्थ ख़र्च करना, व्यय या किसी संसाधन को किसी कार्य में लगाना होता है। प्रस्तुत शेर में इसका अभिप्राय ख़्वाब के धागे को मिज़ाज के बिखरे पन्नों को बाँधने (शीराज़ाबंदी) के काम में प्रयुक्त करने से है। यह किसी आंतरिक शक्ति या भावना को किसी उद्देश्य में खपाने का भाव व्यक्त करता है।
व्युत्पत्ति
Arabic root ص-ر-ف (ṣ-r-f), relating to turning, expending, or exchanging.
प्रयोग
Commonly constructed with an izafat (e.g., 'sarf-e-nazar', 'sarf-e-dil') to portray the dedicated depletion of life, tears, or patience in the ghazal tradition.
उदाहरण
सर्फ़-ए-हिम्मत करना
सर्फ़-ए-ग़म होना
समानार्थी
ख़र्चव्ययइस्तेमाललागत
संबंधित शब्द
मसरूफ़मसरफ़इसराफ़
