शब्दार्थ
सर-कशाँ
sar-kashāñ
hinoun (plural)
अर्थ
विद्रोही, घमंडी या सिर उठाने वाले लोग।
विस्तार
उर्दू और फ़ारसी शायरी में 'सर-कशाँ' शब्द 'सर-कश' का बहुवचन है, जिसका अर्थ अहंकारी, विद्रोही या सिर ऊँचा रखने वाले लोग होता है। इस शेर में यह संसार में घमंड से सिर उठाने की प्रवृत्ति को दर्शाता है, जिसका अंतिम परिणाम मिट्टी में मिल जाना ही है। यह शे’र दुनियावी गुरूर की नश्वरता और पतन की ओर संकेत करता है।
व्युत्पत्ति
Persian: compound of 'sar' (head) + 'kash' (from kashīdan, to pull/raise) + '-ān' (animate plural suffix).
प्रयोग
Commonly used in ghazals to contrast haughtiness and worldly ambition with existential mortality and spiritual humility.
उदाहरण
ख़ाक में मिल गया ग़ुरूर-ए-सर-कशाँ।
सर-कशाँ भी आख़िरकार ज़माने के आगे झुक गए।
समानार्थी
मग़रूरविद्रोहीनाफ़रमानघमंडी
संबंधित शब्द
सर-कशीसरकशग़ुरूरख़ाकसार
