शब्दार्थ
सरोकार
sarokār
hinoun
अर्थ
सम्बन्ध, वास्ता, लेन-देन या प्रयोजन।
विस्तार
'सरोकार' का अर्थ किसी से वास्ता, सम्बन्ध, प्रयोजन या लेन-देन होना है। प्रस्तुत शेर में यह कामना व्यक्त की गई है कि उस ज़ालिम माशूक़ से किसी का कोई नाता या वास्ता न पड़े, ताकि कोई दुख न पाए। शायरी में यह प्रायः सांसारिक बंधनों या दिली उलझनों के संदर्भ में आता है।
व्युत्पत्ति
Persian compound formed from 'sar' (head/intention), the conjunction 'o' (and), and 'kār' (work/affair).
प्रयोग
In classical Urdu poetry, it frequently occurs in negative constructions to express detachment from worldly pursuits or heartbreak from love.
उदाहरण
अब तिरे शहर से कोई सरोकार नहीं
मुझ को दुनिया से सरोकार नहीं है कुछ भी
समानार्थी
वास्ताताल्लुक़लगावमतलब
संबंधित शब्द
कारोबारकारिंदारब्त
