शब्दार्थ
सिर्र
sirr
hinoun, masculine
अर्थ
भेद, रहस्य या छुपा हुआ मर्म।
विस्तार
शास्त्रीय और सूफ़ी शायरी में 'सिर्र' का अर्थ परम सत्य का गूढ़ रहस्य अथवा आत्मा का गुप्त भाव होता है। इस शेर में 'सिर्र-ए-अयाँ' (प्रकट रहस्य) के रूप में यह पूछा गया है कि इस भौतिक जगत में प्रत्यक्ष हुआ गुप्त भेद कौन है। यह अस्तित्व की बाह्य और आंतरिक अवस्थाओं के गहन दार्शनिक चिंतन को उजागर करता है।
व्युत्पत्ति
Arabic (سِرّ), meaning secret, mystery, or private thought.
प्रयोग
In mystical ghazal poetry, it is widely used to denote divine esoteric secrets or the inner chamber of the mystic heart.
उदाहरण
सिर्र-ए-हक़ीक़त
सिर्र-ए-निहाँ
समानार्थी
राज़भेदमर्मपोशीदगी
संबंधित शब्द
इसरारराज़बातिनग़ैब
