शब्दार्थ
सानी
saani
hiadjective
अर्थ
दूसरा; जोड़, हमसर या समकक्ष।
विस्तार
शास्त्रीय शायरी में 'सानी' का शाब्दिक अर्थ 'दूसरा' होता है, जो लाक्षणिक रूप से किसी के जोड़, हमसर या समकक्ष के लिए आता है। ग़ालिब के इस शेर में 'यूसुफ़-ए-सानी' का तात्पर्य हज़रत यूसुफ़ के दूसरे रूप या प्रतिरूप से है। यह आम तौर पर किसी की अद्वितीय ख़ूबियों या हुस्न को किसी ऐतिहासिक या पौराणिक व्यक्तित्व के बराबर ठहराने के लिए प्रयुक्त होता है।
व्युत्पत्ति
Arabic ثَانٍ (thānin / thānī), from the root ث-ن-ي (th-n-y) pertaining to doubling, repeating, or folding.
प्रयोग
Frequently employed in Persian izafat constructions like 'Yusuf-e-saani' or idiomatic denials such as 'koi saani na hona' to declare someone matchless.
उदाहरण
हुस्न में उनका कोई सानी नहीं
सिकंदर-ए-सानी
समानार्थी
हमसरनज़ीरमिस्लदूसरा
संबंधित शब्द
अव्वलसालिसमुसन्ना
