शब्दार्थ
सितम-हा
sitam-ha
hinoun (plural)
अर्थ
अनेक ज़ुल्म, अत्याचार, या सख़्तियाँ।
विस्तार
फ़ारसी व्याकरण में 'हा' प्रत्यय जोड़कर बहुवचन बनाया जाता है, जिससे 'सितम' (ज़ुल्म) 'सितम-हा' (अनेक ज़ुल्म या कष्ट) बन जाता है। प्रस्तुत शे'र में यह शब्द सांसारिक जीवन और रोज़गार से मिलने वाले दुखों की अधिकता को व्यक्त करता है। यह दिखाता है कि ज़माने की तमाम सख़्तियों में घिरे होने के बावजूद आशिक़ महबूब की याद से बेख़बर नहीं हुआ।
व्युत्पत्ति
Persian: from 'sitam' (oppression, tyranny) + Persian plural suffix '-hā' (ـہا).
प्रयोग
In classical ghazal, the Persian plural suffix '-ha' is frequently employed to emphasize the overwhelming number and continuity of life's griefs.
उदाहरण
सितम-हा-ए-दौराँ से बेज़ार हो कर
दिल ने सहे हैं सितम-हा कई
समानार्थी
मज़ालिमज़ुल्मजफ़ाएँसख़्तियाँ
संबंधित शब्द
सितमसितमगरसितम-दीदारहीन
