शब्दार्थ
शम्अ-रूयाँ
sham'a-rūyāñ
hinoun
अर्थ
शमा जैसे चमकदार चेहरे वाले सुंदर लोग, रूपसी महबूब।
विस्तार
शास्त्रीय उर्दू और फ़ारसी शायरी में यह शब्द उन महबूबों के लिए प्रयुक्त होता है जिनका चेहरा शमा की भाँति रोशन और तेजोमय होता है। इस शे'र में उनकी हिना लगी उँगलियों की लालिमा शमा की लौ से उपमित है, जो आशिक़ रूपी परवाने को भस्म कर देती है। यह शब्द सौंदर्य के साथ-साथ उसके प्राणघातक आकर्षण को भी दर्शाता है।
व्युत्पत्ति
Compound of Arabic 'shamʿ' (candle, flame) and Persian 'rūy' (face), suffixed with the Persian plural marker '-ān'.
प्रयोग
It is frequently used in the ghazal tradition to pair the beloved's glowing visage with the motif of the moth burning in love.
उदाहरण
बज़्म में शम्अ-रूयाँ का जलवा
शम्अ-रूयाँ के हुस्न की ताब
समानार्थी
माह-रूयाँगुल-रूयाँपरी-रूयाँ
संबंधित शब्द
शम्अपरवानारू-ए-ताबाँहुस्न
