शब्दार्थ
शूमी
Shūmī
hinoun, feminine
अर्थ
दुर्भाग्य, मनहूसियत, बदक़िस्मती या अशुभता।
विस्तार
क्लासिकल शायरी में 'शूमी' का तात्पर्य मनहूसियत, दुर्भाग्य अथवा अशुभ प्रभाव से होता है। प्रस्तुत शे'र में यह 'शूमी-ए-ताले'' (तक़दीर की मनहूसियत) की तरकीब में आया है, जो आशिक़ या गुनाहगार की भटकी हुई हालत का सबब बनती है। यह इंसान की तक़दीर की उस तारीकी को बयान करता है जिससे छुटकारा पाना मुमकिन नहीं होता।
व्युत्पत्ति
Arabic root 'sh-'-m' (شؤم, ill-omen/misfortune) borrowed into Persian with the abstract noun suffix '-ī'.
प्रयोग
Commonly compounded in ghazals with words for fate like 'tāle'' or 'baḵẖt' to lament an inherently cursed horoscope.
उदाहरण
शूमी-ए-बख़्त ने हमें कहीं का न छोड़ा।
हर ख़ुशी मेरी शूमी-ए-ताले' से छिन गई।
समानार्थी
मनहूसियतबदक़िस्मतीनहूसतशामत
संबंधित शब्द
शूमताले'बद-बख़्ततारीकी
