शब्दार्थ
रहरव
rahrav
hinoun
अर्थ
राहगीर, मुसाफ़िर, पथिक या आध्यात्मिक साधक।
विस्तार
उर्दू शायरी में 'रहरव' का आशय किसी मार्ग पर चलने वाले पथिक, मुसाफ़िर या आध्यात्मिक साधक से होता है। इस शे'र में यह बुद्धिमान यात्री ('रहरव-ए-फ़रज़ाना') के लिए आया है जो केवल बुद्धि पर निर्भर और आत्मिक लगन से वंचित है। कवि चेताते हैं कि आंतरिक यक़ीन और जज़्बे के बिना ऐसा पथिक जीवन व कर्म के सच्चे मार्ग को नहीं पा सकता।
व्युत्पत्ति
Persian compound of 'rāh' (path, way) and the present stem 'rav' (from 'raftan', to go or walk).
प्रयोग
Frequently employed in mystical and philosophical poetry to represent the spiritual aspirant (salik) facing tribulations on the road to the beloved or truth.
उदाहरण
मंज़िल की जुस्तजू में भटकता हुआ रहरव
राह-ए-हक़ का तन्हा रहरव
समानार्थी
मुसाफ़िरराहगीरपथिकसालिक
संबंधित शब्द
राहमंज़िलकारवाँरहनुमा
