शब्दार्थ
यूसुफ़
Yusuf
hinoun
अर्थ
हज़रत यूसुफ़; अद्वितीय सौंदर्य और विरह के प्रतीक पैग़ंबर।
विस्तार
उर्दू शायरी और इस्लामी परंपरा में हज़रत यूसुफ़ अनुपम सौंदर्य और बिछोह के सबसे बड़े प्रतीक हैं। इस शे’र में उनके कुर्ते की महक (बू-ए-पैरहन) का संदर्भ है, जिसने उनके वियोग में रोते पिता हज़रत याक़ूब (पीर-ए-कनआँ) की आँखों की रोशनी लौटा दी थी। शास्त्रीय ग़ज़ल में वे हुस्न और ग़म-ए-फ़िराक़ के केंद्रबिंदु हैं।
व्युत्पत्ति
Hebrew (Yōsēp̄) via Arabic (Yūsuf).
प्रयोग
Frequently invoked in Urdu ghazals alongside Zulaikha or Yaqub as the consummate embodiment of peerless beauty and trial.
उदाहरण
हुस्न-ए-यूसुफ़ पे निसार सारा ज़माना हुआ
यूसुफ़-ए-गुम-गश्ता की याद में आँखें तर रहीं
समानार्थी
माह-ए-कनआँयूसुफ़-ए-मिस्रीयूसुफ़-ए-सानी
संबंधित शब्द
ज़ुलैख़ापीर-ए-कनआँबू-ए-पैरहनचाह-ए-कनआँ
