शब्दार्थ
मज़दूरी
mazdūrī
hinoun, feminine
अर्थ
मेहनत-मशक़्क़त, शारीरिक श्रम या उजरत पर किया गया काम।
विस्तार
आम तौर पर 'मज़दूरी' का आशय शारीरिक श्रम अथवा उजरत पर किए जाने वाले काम से होता है। इस शे'र में शायर ने फ़रहाद द्वारा कोह-ए-बेसुतून तराशने के अफ़्सानावी इश्क़ को तंज़िया तौर पर ख़ुसरव के ऐशगाह के लिए की गई महज़ मुफ़्त की 'मज़दूरी' बताकर खारिज़ किया है। यहाँ यह शब्द रूमानी वफ़ादारी के बजाय बेगार और ख़िदमतगुज़ारी को उजागर करता है।
व्युत्पत्ति
Persian (مزد 'mazd', reward/wage + وری '-varī', suffix denoting activity or state).
प्रयोग
In classical ghazal poetry, 'mazdoori' is rarely aligned with romance; here it is deployed with deliberate irony to deflate exalted notions of romantic self-sacrifice.
उदाहरण
मज़दूरी-ए-शब-ओ-रोज़ का कोई सिला न मिला
इश्क़ में भी अपने हिस्से सिर्फ़ मज़दूरी आई
समानार्थी
मेहनतमशक़्क़तउजरतटहल
संबंधित शब्द
मज़दूरकोहकनबेगारमुआवज़ा
