शब्दार्थ
मोहर
mohar
hinoun
अर्थ
मुहर, ठप्पा या प्रामाणिक छाप।
विस्तार
शास्त्रीय काव्य में 'मोहर' का अर्थ किसी पत्र या दस्तावेज़ पर प्रमाणीकरण हेतु लगाई जाने वाली छाप है। इस शे'र में यह महबूब के नाज़-ओ-अंदाज़ के पोथे (तूमार-ए-नाज़) पर लगने वाली मुहर के रूप में प्रयुक्त है, जो उसकी बेरुख़ी भरी दृष्टि से अंकित होती है। यह इश्क़ में माशूक़ की उपेक्षा की पुष्टि करती है।
व्युत्पत्ति
From Persian مُهر (muhr), meaning a seal, signet, or stamp.
प्रयोग
Frequently deployed in ghazal poetry alongside metaphors of unopened letters, secrecy, and silence imposed upon the lips.
उदाहरण
लबों पे मोहर-ए-ख़ामोशी
नामा-ए-शौक़ पे मोहर लगाना
समानार्थी
मुहरछापनिशान
संबंधित शब्द
उनवाँतूमारनामा
