शब्दार्थ
माने
māni‘
hinoun
अर्थ
बाधा, रुकावट, रोकने वाला या मना करने वाला।
विस्तार
शास्त्रीय उर्दू शायरी में 'माने' (मूल रूप मानिअ) का अर्थ रुकावट, बाधा या रोकने वाला होता है। इस शे'र में यह 'माने-ए-आशिक़-नवाज़ी' के रूप में प्रयुक्त हुआ है, जिसका तात्पर्य है कि माशूक़ का आत्म-मुग्ध घमंड उसके आशिक़-परवरी करने में रुकावट बन गया है।
व्युत्पत्ति
Arabic, active participle derived from the root m-n-‘ (م-ن-ع), meaning to prevent, forbid, or withhold.
प्रयोग
In the ghazal, it is commonly linked via izafat to emotional states or external barriers (such as modesty, society, or rivals) that prevent the union of lovers.
उदाहरण
माने-ए-शौक़ कोई रस्म-ए-जहाँ न बने
रंज-ए-फ़ुर्क़त हुआ माने-ए-वस्ल-ए-यार
समानार्थी
हाइलरुकावटसद्दमुज़ाहिम
संबंधित शब्द
मनामम्नूइम्तिना
