शब्दार्थ
बरसा
barsā
hiverb
अर्थ
बारिश कर, उँडेल, रहमत की बौछार कर।
विस्तार
शास्त्रीय शायरी में 'बरसा' का आशय वर्षा करने, बूँदें गिराने या अनुग्रह की बौछार करने से है। इस शे'र में यह बादल (अब्र) को पुकारते हुए आज्ञार्थक रूप में आया है, जिसमें ख़ुदा की रहमत को पूरी शिद्दत से उँडेलने का आग्रह किया गया है। यह शब्द उदारता, आँसुओं की झड़ी और ईश्वरीय कृपा का द्योतक है।
व्युत्पत्ति
Sanskrit वर्ष (varṣa) / वर्षति (varṣati) through Prakrit वरिसइ (varisaï) into Hindustani बरसना / बरसाना.
प्रयोग
Commonly invoked in ghazals addressing the cloud (abr) or weeping eyes (chashm) to evoke a deluge of sorrow, passion, or divine mercy.
उदाहरण
ऐ अब्र-ए-करम तू दीदा-ए-पुर-नम पे बरसा।
बारिश की तरह हर सम्त ये फ़ैज़-ओ-करम बरसा।
समानार्थी
उंडेलटपकाबहा
संबंधित शब्द
बरसातबारिशअब्रबूंद
