शब्दार्थ
ब-पास
ba-paas
hiprepositional phrase
अर्थ
के सम्मान या लिहाज़ में, ख़ातिर से।
विस्तार
फ़ारसी की यह पूर्वसर्गीय संरचना 'लिहाज़ से' अथवा 'के आदर में' का भाव व्यक्त करती है। ग़ालिब के इस शेर में इसका प्रयोग माशूक़ की चंचल पलकों की नोक के अदब और सम्मान को दर्शाने के लिए हुआ है। यहाँ हर काँटे की नोक महबूब की मिज़्गाँ के लिहाज़ से सुई बन गई है।
व्युत्पत्ति
Persian: preposition 'ba' (with, by, in) + noun 'pās' (regard, consideration, respect).
प्रयोग
Frequently used in classical ghazal to denote an act of forbearance or homage performed out of respect for the beloved or decorum.
उदाहरण
ब-पास-ए-अदब ख़ामोश रहना
ब-पास-ए-मोहब्बत सब कुछ सहना
समानार्थी
ब-लिहाज़ब-ख़ातिरअदब से
संबंधित शब्द
पासपास-ए-अदबपास-ए-ख़ातिर
