शब्दार्थ

ब-दिल-ख़ुफ़्तगाँ

ba-dil-khuftagaan

hinoun phrase

अर्थ

सोए हुए या बे-ख़बर दिल वालों से या में

विस्तार

यह फ़ारसी संयोजन 'ब' (से/में) और 'दिल-ख़ुफ़्ता' (सोया हुआ दिल) के बहुवचन से मिलकर बना है। प्रस्तुत शेर में इसका तात्पर्य ऐसे बे-ख़बर और बे-हिस लोगों से है जिनका दिल रूहानी या इश्क़िया जज़्बात से महरूम है। शायर का आशय है कि जो लोग ख़ुद अहसास-ए-दर्द से बेगाना हैं, उनसे दर्द की निशानदेही पूछना व्यर्थ है।

व्युत्पत्ति

Persian: preposition 'ba' (to, by, in) + 'dil' (heart) + 'khufta' (asleep, from khuftan, to sleep) + plural suffix '-gān'.

प्रयोग

In classical ghazal, it is employed as a metaphor for the worldly, uninitiated, or spiritually insensitive who fail to comprehend mystic suffering.

उदाहरण

हाल-ए-दिल ब-दिल-ख़ुफ़्तगाँ क्या बयाँ करें

ब-दिल-ख़ुफ़्तगाँ से राज़-ए-मोहब्बत न पूछ

समानार्थी

ग़ाफ़िलबे-ख़बरबे-दर्दमुर्दा-दिल

संबंधित शब्द

ख़ुफ़्तादिल-ख़ुफ़्ताख़्वाब-ए-ग़फ़लतदर्द-ए-दिल
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