शब्दार्थ
ब-जल्वा-रेज़ी
ba-jalwa-rezi
hiadverbial phrase
अर्थ
नूर या सौंदर्य बिखेरने के द्वारा या अंदाज़ में
विस्तार
यह फ़ारसी पूर्वसर्ग 'ब' (से/सहित) और 'जल्वा-रेज़ी' (आभा या सौंदर्य का बिखराव) से मिलकर बना है। प्रस्तुत शेर में यह शब्द रूह के एहतिज़ाज़ (कंपन व आनंद) को हवा के नाज़ुक और दीप्त स्वरूप से जोड़ने के लिए प्रयुक्त हुआ है। यह दृश्यगत सौंदर्य और आध्यात्मिक उमंग के सम्मिलन को दर्शाता है।
व्युत्पत्ति
Persian 'ba' (by, with) + Arabic 'jalwah' (splendor, display) + Persian stem 'rez' (from rekhtan, to pour/scatter) + noun suffix '-i'.
प्रयोग
In classical ghazal diction, it is used to evoke majestic displays of beloved radiance or divine grace coupled with dynamic motion.
उदाहरण
ब-जल्वा-रेज़ी-ए-सहर गुलशन निखर गया
हुस्न का वो आलम था ब-जल्वा-रेज़ी-ए-नाज़
समानार्थी
नूर-अफ़्शानीजल्वा-सामानीजल्वा-अफ़रोज़ी
संबंधित शब्द
जल्वाजल्वा-रेज़जल्वा-नुमाईपर-फ़िशानी
