शब्दार्थ
बे-गलीम
be-galīm
hiadjective
अर्थ
कंबल-रहित; अत्यंत निर्धन या सांसारिक वस्तुओं से विरक्त।
विस्तार
शाब्दिक रूप से इसका अर्थ है जिसके पास ओढ़ने के लिए एक अदना कंबल (गलीम) भी न हो। शेर में यह उस सच्चे दरवेश का प्रतीक है जो सांसारिक मोह-माया और भौतिक चीज़ों से बिल्कुल बेनियाज़ है। ऐसे ही निस्पृह फ़क़ीर को आंतरिक अवस्था और मनुष्य के वास्तविक मक़ाम का ज्ञाता माना गया है।
व्युत्पत्ति
Persian compound of 'be' (without) and 'galīm' (coarse woolen garment, blanket, or rug).
प्रयोग
In classical and philosophical Urdu verse, it symbolizes the peak of ascetic renunciation where poverty becomes spiritual richness.
उदाहरण
दरवेश-ए-बे-गलीम की फ़क़ीरी
बे-गलीम होकर भी सुल्तानों से बेपरवाह
समानार्थी
बे-सर-ओ-सामाँमुफ़्लिसनादारनिस्पृह
संबंधित शब्द
गलीमदरवेशफ़क़ीरीक़लंदर
