शब्दार्थ
बांग
bāng
hinoun, feminine
अर्थ
आवाज़, पुकार, चीख़ या पक्षी की बाँग।
विस्तार
फ़ारसी और उर्दू काव्य में 'बांग' का अर्थ तीव्र आवाज़, पुकार या परिंदे की आवाज़ होता है। प्रस्तुत शे'र में 'बांग-ए-हज़ीं' का तात्पर्य सुबह के पक्षी की उदास और करुण पुकार से है। यह आवाज़ शायर के दिल पर दोधारी तलवार की तरह वार करती है क्योंकि यह उसके अपने दर्द की प्रतिध्वनि है।
व्युत्पत्ति
Persian (بانگ), signifying voice, sound, cry, or call.
प्रयोग
Frequently encountered in classical verse in izafat constructions such as 'bang-e-dara' (the caravan bell's toll) or 'bang-e-hazin' (a sorrowful cry).
उदाहरण
बांग-ए-दरा
बांग-ए-हज़ीं
समानार्थी
आवाज़पुकारसदानिदा
संबंधित शब्द
नालाफ़रियादमुर्ग़-ए-सहर
