शब्दार्थ
बेकसी
bekasī
hinoun, feminine
अर्थ
लाचारी, बेबसी, अकेलापन और बेसहारा होने की अवस्था।
विस्तार
शास्त्रीय शायरी में 'बेकसी' का तात्पर्य पूर्ण असहायता, तन्हाई और किसी का सहारा न होने की स्थिति से है। प्रस्तुत शेर में इसे एक ऐसे तत्व के रूप में दर्शाया गया है जो सारे संसार से भली-भाँति परिचित है। यह व्यक्तिगत बेबसी को एक सार्वभौमिक मानवीय स्थिति के रूप में प्रस्तुत करता है।
व्युत्पत्ति
Persian: compound formed from 'be-' (without) + 'kas' (person, somebody) + noun suffix '-ī'.
प्रयोग
In the ghazal tradition, 'bekasi' is a staple trope depicting the lover's absolute isolation and forsaken state in the absence of both beloved and society.
उदाहरण
आलम-ए-बेकसी
दौर-ए-बेकसी में तन्हा
समानार्थी
बेबसीलाचारीतन्हाईकसमपुर्सी
संबंधित शब्द
बेकसकस
