शब्दार्थ
बे-इल्तिफ़ाती
be-iltifaati
अर्थ
उपेक्षा, बेरुख़ी, बेपरवाही, ध्यान न देना।
विस्तार
'बे-इल्तिफ़ाती' का अर्थ महबूब की जानिब से की जाने वाली उपेक्षा, बेरुख़ी या ध्यान न देना है। प्रस्तुत शे'र में आशिक़ कहता है कि माशूक़ की बेरुख़ी स्वाभाविक है क्योंकि उसे पूरा इत्मीनान है कि आशिक़ भीतर ही भीतर उसी के ख़याल में डूबा रहता है। यह ग़ज़ल की उस रवायत को पेश करता है जहाँ महबूब की बेपरवाही का भी एक सबब होता है।
व्युत्पत्ति
Persian prefix 'be-' (without) combined with Arabic 'iltifāt' (turning toward, attention, courtesy) and the Persian/Urdu abstract nominal suffix '-ī'.
प्रयोग
In classical Urdu ghazal, it frequently depicts the conventional haughtiness and emotional detachment of the beloved toward the poet-lover.
उदाहरण
सनम की बे-इल्तिफ़ाती ने दिल को उदास कर दिया।
हमें उनकी बे-इल्तिफ़ाती का कोई गिला नहीं।
