शब्दार्थ
फ़रयाद
faryād
hinoun
अर्थ
पुकार, विलाप, दुहाई या न्याय की गुहार।
विस्तार
शास्त्रीय शायरी में 'फ़रयाद' का अर्थ प्रेमी या पीड़ित द्वारा ज़ुल्म के ख़िलाफ़ की गई पुकार, विलाप या दाद चाहने की गुहार है। प्रस्तुत शे'र में यह सय्याद (शिकारी) के अत्याचार के विरुद्ध न्याय माँगने की आवाज़ है, जिसे करने का सामर्थ्य भी दुर्बलता के कारण समाप्त हो चुका है। यह विवशता की पराकाष्ठा को प्रकट करता है।
व्युत्पत्ति
Persian (فریاد / faryād), compound of 'far-' (forth/forward) and '-yād' (call, remembering, appeal).
प्रयोग
In the ghazal tradition, 'faryad' is frequently paired with 'dad' (justice), contrasting the lover's legitimate grievance with the beloved's indifference.
उदाहरण
दिल की फ़रियाद किसी ने न सुनी
ताक़त-ए-फ़रयाद भी बाक़ी न रही
समानार्थी
दुहाईपुकारनालाशिकायत
संबंधित शब्द
फ़रयादीदादनालिशफ़ुग़ाँ
