शब्दार्थ
फ़क़ीरों
faqīroñ
hinoun
अर्थ
दरवेशों, भिक्षुओं या विनम्र प्रेमियों (बहुवचन रूप)।
विस्तार
शास्त्रीय शायरी में 'फ़क़ीर' सांसारिक मोह-माया से मुक्त दरवेश या निस्वार्थ प्रेमी को कहा जाता है। इस शेर में 'फ़क़ीरों' (बहुवचन) का प्रयोग शायर ने अपनी और सच्चे प्रेमियों की सादगी तथा विनम्रता प्रकट करने के लिए किया है। यह शब्द प्रेमी की अहंकारहीन और समर्पित अवस्था को दर्शाता है।
व्युत्पत्ति
Arabic root f-q-r (ف-ق-ر), meaning impoverished or indigent; adopted into Sufi terminology to denote a spiritual renunciant.
प्रयोग
In the Urdu ghazal, poets frequently refer to themselves as 'faqeer' to convey absolute detachment from worldly stature and complete self-effacement before the beloved.
उदाहरण
हम फ़क़ीरों का तवाफ़-ए-कू-ए-जानाँ
बैठे हैं फ़क़ीरों की तरह राहगुज़र में
समानार्थी
दरवेशोंगदागरोंसाधुओं
संबंधित शब्द
फ़क़ीरफ़क़ीरीफ़क़्र
