शब्दार्थ
पेचताब
pech-tāb
hinoun
अर्थ
बेचैनी, तड़प, मरोड़ अथवा गहरी उलझन।
विस्तार
यह शब्द शाब्दिक रूप से बल खाने, मरोड़ या तड़प के लिए प्रयुक्त होता है और रूपक के तौर पर हार्दिक बेचैनी दर्शाता है। इस शे'र में यह बुझती हुई सुबह की शमा की बत्ती के ऐंठने और तड़पने की दशा को दर्शाता है। शायर ने इसे अपने अकिंचन और अक्षम सांसों की लज्जा और पीड़ा से जोड़ा है।
व्युत्पत्ति
Persian compound formed from 'pēch' (twist, bend, curl) and 'tāb' (heat, burning, endurance, or turn).
प्रयोग
In classical Urdu poetry, it frequently portrays the physical convulsions of grief, the agony of the dying candle, or the lover's sleepless turmoil.
उदाहरण
दिल-ए-मुज़्तर का पेचताब न पूछ
ग़म-ए-फ़ुर्क़त में हर नफ़स पेचताब था
समानार्थी
बेचैनीतड़पइज़्तिराबकसमसाहट
संबंधित शब्द
पेचताबपेच-ओ-ख़मइज़्तिराब
