शब्दार्थ
नसीहत-नेओश
naseehat-neosh
hiadjective
अर्थ
नसीहत या उपदेश को ध्यानपूर्वक सुनने और मानने वाला।
विस्तार
यह सामासिक विशेषण उस व्यक्ति या कान के लिए प्रयोग होता है जो किसी उपदेश, सीख या नसीहत को ध्यानपूर्वक सुनता और अपनाता है। प्रस्तुत शेर में 'गोश-ए-नसीहत-नेओश' का अर्थ ऐसा कान है जो शायर की व्यथा और जीवन की सच्चाइयों से सबक लेने को तैयार हो। यह पद विवेकपूर्ण श्रवण और आत्मसुधार की तत्परता को रेखांकित करता है।
व्युत्पत्ति
Formed from Arabic 'naseehah' (نصيحة, advice or admonition) and the Persian root 'niyoosh' (نیوش, hearing/listening, from the verb 'niyoosheedan', to listen).
प्रयोग
In classical Urdu poetry, it is conventionally compounded with 'गोश' (ear) to denote a discerning listener capable of absorbing moral and philosophical lessons.
उदाहरण
गोश-ए-नसीहत-नेओश बन कर सुनो
कोई दिल-ए-पंद-नेओश न मिला
समानार्थी
नसीहत-पज़ीरहक़-शुनवासुख़न-फ़हम
संबंधित शब्द
नसीहतगोशइबरतपंद
