शब्दार्थ
ना-साज़
nā-sāz
hiadjective
अर्थ
प्रतिकूल, बेमेल, अप्रिय, अस्वस्थ या अशांत।
विस्तार
मूल रूप से इसका अर्थ बेमेल या बेसुरा होता है, किंतु यह प्रतिकूल और कष्टकारी परिस्थितियों के लिए भी प्रयुक्त होता है। प्रस्तुत शेर में 'ज़िंदगी ना-साज़ करना' जीवन को कटु, अशांत और अप्रिय बना देने के भाव को दर्शाता है। यह मानसिक तथा संवेदनात्मक बेचैनी और असहजता का प्रतीक है।
व्युत्पत्ति
Persian: 'nā-' (negative prefix) + 'sāz' (harmony, instrument, suited).
प्रयोग
In Urdu ghazals, 'nā-sāz' commonly qualifies either adverse fortune (gardish-e-ayyam) or the bodily and emotional indisposition of the lover.
उदाहरण
वक़्त की फ़ज़ा भी आज ना-साज़ है।
तबीअत ना-साज़ होने से महफ़िल सूनी रही।
समानार्थी
ना-मुवाफ़िक़बे-मेलना-गवारबरहम
संबंधित शब्द
ना-साज़गारसाज़साज़िश
