शब्दार्थ
तदरौ
tadrau
hinoun
अर्थ
तीतर या चकोर की जाति का एक सुंदर पक्षी, क़रक़ावुल।
विस्तार
तदरौ फ़ारसी और उर्दू शायरी में तीतर या चकोर (क़रक़ावुल) जाति के उस पक्षी को कहते हैं जो अपने खूबसूरत पंखों और नाज़ुक चाल के लिए मशहूर है। प्रस्तुत शे'र में शराब की लहरदार चमक की तुलना तदरौ के रंगीन परों से की गई है। यह शराबख़ाने के दृश्य को बहार के चमन जैसा रूपक प्रदान करता है।
व्युत्पत्ति
Persian (تدرو / تذرو - tazarv/tadraw).
प्रयोग
In classical ghazal, it is traditionally invoked alongside birds like the qumri and kabk to symbolize natural elegance, graceful movement, and vibrant plumage.
उदाहरण
बाल-ए-तदरौ की तरह रंग बदलता जल्वा
रफ़्तार-ए-तदरौ की शोख़ी
समानार्थी
क़रक़ावुलतीतरचकोर
संबंधित शब्द
क़ुमरीसर्वपरवाज़बाज़
