शब्दार्थ
तिश्ना-काम
tishna-kām
hiadjective
अर्थ
प्यासा, अतृप्त, जिसकी कामना पूरी न हुई हो।
विस्तार
शाब्दिक रूप से इसका अर्थ सूखे तालू वाला या प्यासा होता है, परंतु लाक्षणिक तौर पर यह अतृप्त या वंचित रहने को दर्शाता है। प्रस्तुत शे'र में यह उस रूहानी प्यास का प्रतीक है जो बिना दर्द और सोज़ के ज़िक्र से बुझ नहीं सकी।
व्युत्पत्ति
Persian: compound of 'tishna' (thirsty) and 'kām' (palate; also desire/wish).
प्रयोग
In classical Urdu poetry, it commonly conveys mystical thirst for the divine or the chronic unfulfillment of the suffering lover.
उदाहरण
दश्त-ए-तलब में आशिक़ तिश्ना-काम ही रहा।
दरिया के किनारे भी वो तिश्ना-काम लौटा।
समानार्थी
अतृप्तप्यासामह़रूमना-आसूदा
संबंधित शब्द
तिश्नगीतिश्ना-लबकामसोज़-ओ-साज़
