शब्दार्थ
चिंगारी
chingari
hinoun (feminine)
अर्थ
आग की छोटी फुहार या कण; शोला, अंगार।
विस्तार
शायरी में 'चिंगारी' का शाब्दिक अर्थ आग का एक उड़ता हुआ कण या सुलगता अंगार है। प्रस्तुत शेर में यह क़िस्मत के छिपे हुए तेज, जीवन-शक्ति या आत्मिक सामर्थ्य का प्रतीक है, जिसे खो जाने का अंदेशा है। यह दबे हुए जज़्बात या क्रांति की छिपी आग को भी दर्शाता है।
व्युत्पत्ति
Sanskrit (चिङ्गार / cingalee through Prakrit/Apabhramsha)
प्रयोग
Commonly invoked in Urdu and Hindi poetry as an emblem of suppressed love, hope amidst despair, or the dormant potential of an oppressed spirit.
उदाहरण
दिल की राख में अब भी कोई चिंगारी बाक़ी है।
दबी चिंगारी को हवा मत दो, शोला बन जाएगी।
समानार्थी
शराराअंगाराकनिका
संबंधित शब्द
आगशोलाराखअंगार
