शब्दार्थ
घूर
ghoor
hiverb
अर्थ
टकटकी लगाकर देखना; लगातार घूरना।
विस्तार
प्रस्तुत शे'र में 'घूर' क्रिया 'घूरना' का मूल रूप है, जो यहाँ 'घूर गया' के रूप में प्रयुक्त हुआ है। इसका अर्थ महबूब के रास्ते से गुजरते वक्त उसे टकटकी बाँधकर देखने से है। यह शब्द एक बेबाक और सम्मोहित नज़र की तरफ इशारा करता है।
व्युत्पत्ति
Indo-Aryan / Desi origin, derived from the Prakrit and Old Hindi verbal root 'ghūr-' meaning to gaze or stare intensely.
प्रयोग
In classical ghazal, 'ghoornā' is an earthy Hindustani verb used to convey a direct, visceral stare where Persianate expressions like 'nigāh-bāzī' might seem too polished.
उदाहरण
जाते हुए क़दमों को घूरते रह जाना
पलक झपकाए बिना तुझे घूरना
समानार्थी
ताकनानिहारनाटकटकी
संबंधित शब्द
घूरनानिगाहनज़रदीदार
