शब्दार्थ
गिरनी
girnī
hiverb
अर्थ
गिरना चाहिए था; नाज़िल होना (स्त्रीलिंग रूप)।
विस्तार
इस शे'र में 'गिरनी' ('थी' के साथ) यह भाव व्यक्त करता है कि बिजली को शायर पर नाज़िल होना चाहिए था। यहाँ शायर ईश्वरीय नूर की उस तजल्ली की बात कर रहा है जिसे तूर पर्वत बर्दाश्त न कर सका, जबकि उसके अनुसार वह स्वयं उसे झेलने का अधिक सामर्थ्य रखता था।
व्युत्पत्ति
From Prakrit *giraï, related to Sanskrit गलति (galati, 'drops, falls').
प्रयोग
In classical ghazals, 'girnī thī' is frequently employed to express an unfulfilled calamity, entitlement to divine suffering, or an averted fate.
उदाहरण
गिरनी थी कोई गाज तो मुझ पर ही गिर पड़ती
यह बिजलियाँ चमन पे ही गिरनी थीं बे-सबब
समानार्थी
नाज़िल होनापड़नाटूटनाबरसना
संबंधित शब्द
गिरनागिरानाबिजलीबर्क़
