शब्दार्थ
खटकता
khaṭaktā
hiverb
अर्थ
चुभना, गड़ना या सीने में कचोटना।
विस्तार
उर्दू शायरी में 'खटकना' सीने में लगातार होने वाली चुभन, दर्द अथवा कचोट को व्यक्त करता है। प्रस्तुत शे'र में आशिक़ अपने सीने में निरंतर कुछ गड़ता हुआ महसूस करता है जिसे वह दिल समझता रहा, लेकिन अंततः वह माशूक़ के तीर का पैकाँ निकला। यह शब्द अनसुलझी बेचैनी और दिल के नासूर की टीस को दर्शाता है।
व्युत्पत्ति
Hindustani verbal root 'khaṭak-' (likely imitative/Deshya in origin, denoting a sharp strike, tap, or prick).
प्रयोग
Frequently used in the ghazal to portray the lingering, restless pain of an arrowhead or thorn lodged within the lover's chest.
उदाहरण
काँटा सा दिल में खटकता है
कुछ तो सीने में खटकता रहा
समानार्थी
चुभतागड़ताकचोटतासालता
संबंधित शब्द
खटकखटकाखटकना
