शब्दार्थ
ख़याल
khayaal
hiNoun (masculine)
अर्थ
विचार, सोच, ध्यान, कल्पना, परवाह
विस्तार
उर्दू और हिंदी शायरी में 'ख़याल' केवल साधारण विचार या सोच नहीं है; यह महबूब की याद, आंतरिक ध्यान, गहरी कल्पनाशीलता (तख़य्युल), और परवाह या देखभाल का एक केंद्रीय काव्यात्मक भाव है।
व्युत्पत्ति
Arabic (خيال, khayāl - phantom, vision, thought, imagination)
प्रयोग
Frequently featured in poetic compounds like 'ख़याल-ए-यार' (reminiscence of the beloved) and everyday idioms like 'ख़याल रखना' (to take care / pay attention).
उदाहरण
हम को मालूम है जन्नत की हक़ीक़त लेकिन / दिल के ख़ुश रखने को 'ग़ालिब' ये ख़याल अच्छा है
समानार्थी
तसव्वुरफ़िक्रसोचध्यानगुमान
संबंधित शब्द
ख़यालातबे-ख़यालख़याल-ए-यारअहल-ए-ख़याल
