शब्दार्थ
खींच
khīñch
hiverb
अर्थ
खींचना, पीना या जाम चढ़ाना।
विस्तार
उर्दू शायरी में 'खींचना' का सामान्य अर्थ तानना या आकर्षित करना है, किंतु 'साग़र' के साथ इसका अर्थ जाम चढ़ाना या शराब पीना होता है। प्रस्तुत शे'र में यह रक़ीब (प्रतिद्वंद्वी) को नीचा दिखाने और जलाने के लिए जाम पीने का आग्रह है। यह उत्सव और रक़ीब के प्रति बेपरवाही को व्यक्त करता है।
व्युत्पत्ति
Derived from Sanskrit 'kṛṣ' (to draw, pull) through Prakrit 'khiñchaï' into Hindustani.
प्रयोग
In classical ghazal, it frequently occurs in collocations like drawing a sword, drawing a sigh ('āh khīñchnā'), or tossing down a cup ('sāghar khīñchnā').
उदाहरण
साग़र खींच ब-बज़्म-ए-मय
आह खींचना दिल के दर्द से
समानार्थी
पीतानउड़ेल
संबंधित शब्द
खींचनाखिंचावसाग़र-कशी
