शब्दार्थ
कह
kah
hiverb
अर्थ
कहना या बोलना, अक्सर भावनाओं या विचारों को व्यक्त करना।
विस्तार
'कह' कविता में एक बुनियादी क्रिया है जो भावनाओं, विचारों या इच्छाओं को व्यक्त करने के कार्य का प्रतिनिधित्व करती है। यह मानव संबंधों में प्रेम और संपर्क के लिए भाषण की महत्वपूर्णता को उजागर करता है। यह अक्सर आंतरिक भावनाओं को बाह्य रुप में साझा करने का पुल बनता है।
व्युत्पत्ति
From Sanskrit कहना (kahna) meaning 'to say' or 'to speak'.
प्रयोग
'कह' is prevalent in expressions of affection and confessions in classical poetry.
उदाहरण
मैं क्या कहूँ अपनी असीम प्रेम को व्यक्त करने के लिए?
फुसफुसाहट में, मैं वो शब्द कहता हूँ जो अनकहे रह जाते हैं।
मुझे बताओ, मेरे दिल, तुम चुप्पी में क्या कहते हो?
समानार्थी
बोलनाउच्चारणवक्तव्य
संबंधित शब्द
भावनाप्रेमवक्तृता
